कृति सेनन बोलीं- ‘मेरी चोली राष्ट्रीय बहस बन गई थी’, रक्षाबंधन वाले विज्ञापन पर विवाद के बाद उठाए महिलाओं की आजादी से जुड़े सवाल

Kriti Sanon Controversy Kriti Sanon Controversy

Kriti Sanon Controversy: बॉलीवुड अभिनेत्री कृति सेनन ने रक्षाबंधन के मौके पर जारी हुए एक ज्वेलरी विज्ञापन को लेकर हुए विवाद पर खुलकर बात की है। अभिनेत्री के पहनावे को लेकर सोशल मीडिया पर काफी आलोचना हुई थी। मामला इतना बढ़ गया कि उनके कपड़ों को लेकर प्राइम टाइम न्यूज चैनलों पर भी चर्चा होने लगी। अब कृति ने करीना कपूर खान के शो ‘व्हाट वुमन वांट’ में इस विवाद का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें यकीन नहीं हुआ कि उनकी चोली राष्ट्रीय बहस का विषय बन गई है।

कृति के मुताबिक, यह विवाद सिर्फ उनके पहनावे तक सीमित नहीं था, बल्कि इससे महिलाओं को हर छोटी-बड़ी बात पर निशाना बनाए जाने का मुद्दा भी सामने आया। अभिनेत्री ने कहा कि महिलाओं को लगातार जज किया जाता है, जबकि उन्हें अपनी पसंद के मुताबिक कपड़े पहनने और अपनी जिंदगी जीने की आजादी मिलनी चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि आखिर लोगों को महिलाओं के निजी फैसलों पर इस तरह टिप्पणी करने का अधिकार किसने दिया है।

क्या था कृति सेनन के विज्ञापन को लेकर विवाद?

इस साल अगस्त में कृति सेनन का एक ज्वेलरी ब्रांड का विज्ञापन सामने आया था। विज्ञापन की पृष्ठभूमि रक्षाबंधन के त्योहार से जुड़ी थी। इसमें अभिनेत्री ने ऐसी चोली पहनी थी, जिसे सोशल मीडिया पर कई लोगों ने ज्यादा खुला हुआ बताया। कुछ यूजर्स ने त्योहार के संदर्भ में उनके पहनावे पर सवाल उठाए और विज्ञापन की आलोचना की।

विवाद बढ़ने के बाद यह विज्ञापन चर्चा का विषय बन गया। सोशल मीडिया पर अभिनेत्री को ट्रोल किया गया और आखिरकार ब्रांड ने विज्ञापन हटा दिया। हालांकि, इस पूरे मामले में कृति ने अब अपनी प्रतिक्रिया देते हुए बताया कि उन्हें सबसे ज्यादा हैरानी इस बात पर हुई कि उनके कपड़ों को लेकर प्राइम टाइम पर पैनल चर्चा तक होने लगी।

‘मेरी चोली राष्ट्रीय बहस बन गई थी’

करीना कपूर खान के शो में सोशल मीडिया ट्रोलिंग के बारे में बात करते हुए कृति ने कहा कि वह आमतौर पर ट्रोल करने वालों पर ध्यान नहीं देतीं। उन्हें ऐसा नहीं लगता कि उन्हें हर बात पर सफाई देने की जरूरत है। लेकिन इस विवाद ने उन्हें हैरान कर दिया था।

कृति ने कहा, “हाल ही में ऐसा हुआ कि मेरी चोली राष्ट्रीय बहस बन गई। मैं यकीन नहीं कर पा रही थी कि मेरी चोली प्राइम टाइम न्यूज पर छह लोगों के पैनल की चर्चा का विषय बन गई थी। मैं सोच रही थी कि आखिर यह क्या हो रहा है?”

अभिनेत्री के इस बयान से जाहिर हुआ कि उन्हें अपने पहनावे को लेकर हुई चर्चा का स्तर असामान्य लगा। उनके मुताबिक, किसी व्यक्ति के कपड़ों पर अपनी पसंद या नापसंद जाहिर करना अलग बात है, लेकिन किसी मुद्दे पर इतनी नफरत फैलाना समझ से परे है।

कृति बोलीं- यह सिर्फ मेरे बारे में नहीं था

कृति सेनन ने कहा कि आमतौर पर वह ऐसे मामलों में प्रतिक्रिया देना जरूरी नहीं समझतीं, लेकिन इस बार उन्हें लगा कि उन्हें खुलकर बोलना चाहिए। उनके अनुसार, विवाद सिर्फ उनके या उनके कपड़ों के बारे में नहीं था, बल्कि महिलाओं के प्रति समाज के रवैये से जुड़ा एक बड़ा सवाल था।

अभिनेत्री ने कहा कि महिलाओं को लगभग हर चीज के लिए जांचा-परखा जाता है और छोटी-छोटी बातों पर भी उन्हें निशाना बनाया जाता है। उन्होंने सवाल किया कि किसी के पहनावे से असहमति होने का मतलब यह कैसे हो सकता है कि उस व्यक्ति के खिलाफ नफरत भरी टिप्पणियां की जाएं।

कृति के मुताबिक, लोगों को किसी पोशाक के बारे में अपनी राय रखने का अधिकार है। कोई व्यक्ति किसी कपड़े को पसंद कर सकता है या उसे नापसंद कर सकता है। लेकिन राय रखने और किसी को अपमानित करने के बीच फर्क होना चाहिए। उन्होंने खास तौर पर इस बात पर सवाल उठाया कि सोशल मीडिया पर असहमति जताने के नाम पर इतनी नफरत क्यों फैलाई जाती है।

संस्कृति और सम्मान की बात करने वालों पर भी उठाए सवाल

कृति ने इस विवाद के दौरान सोशल मीडिया पर हुई टिप्पणियों का जिक्र करते हुए एक और गंभीर बात कही। उन्होंने बताया कि वह आमतौर पर अपनी पोस्ट के नीचे आने वाले कमेंट नहीं पढ़तीं, लेकिन कई बार लोगों की टिप्पणियां काफी आपत्तिजनक हो जाती हैं।

अभिनेत्री के मुताबिक, कुछ लोग संस्कृति और सम्मान की बात कर रहे थे, लेकिन उन्हीं में से कुछ लोगों ने उनके माता-पिता और बहन की सोशल मीडिया पोस्ट पर अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया। कृति ने कहा कि उनके परिवार के सदस्य भी ऐसी टिप्पणियां पढ़ते हैं और उन्हें यह समझ नहीं आता कि आखिर उन लोगों ने क्या गलती की है।

उनकी इस बात से यह सवाल सामने आता है कि किसी सार्वजनिक विवाद में किसी व्यक्ति की आलोचना करते समय उसके परिवार को निशाना बनाना कितना उचित है। किसी कलाकार के काम या पहनावे पर असहमति जताने का अर्थ यह नहीं होना चाहिए कि उसके माता-पिता या भाई-बहनों के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणियां की जाएं।

बहन नूपुर सेनन ने दी थी कमेंट बंद करने की सलाह

कृति ने बातचीत के दौरान अपनी बहन नूपुर सेनन का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि नूपुर ने उन्हें इंस्टाग्राम पर कमेंट सेक्शन बंद करने की सलाह दी थी। हालांकि, कृति ने उस समय सवाल किया कि उन्हें ऐसा क्यों करना चाहिए।

इस बातचीत से यह भी पता चलता है कि सोशल मीडिया पर होने वाली ट्रोलिंग का असर किसी कलाकार के निजी जीवन और परिवार तक पहुंच सकता है। कृति ने कहा कि महिलाओं के लिए जरूरी है कि वे अपने पक्ष में आवाज उठाएं। उनके मुताबिक, महिलाओं के हर फैसले पर सवाल खड़े किए जाते हैं और यह समझने की जरूरत है कि लोगों को ऐसा करने का अधिकार आखिर कहां से मिलता है।

‘महिलाएं चाहती हैं कि लोग अपने काम से काम रखें’

अपनी बात खत्म करते हुए कृति ने कहा कि महिलाएं चाहती हैं कि उन्हें लगातार जज न किया जाए और लोग अपने काम से काम रखें। उनका मानना है कि महिलाओं को अपने कपड़ों, पसंद और निजी फैसलों के लिए बार-बार सफाई देने की जरूरत नहीं होनी चाहिए।

कृति का यह बयान ऐसे समय आया है, जब सोशल मीडिया पर सेलिब्रिटी के पहनावे, निजी जिंदगी और सार्वजनिक बयानों को लेकर अक्सर बहस होती रहती है। एक ओर सोशल मीडिया लोगों को अपनी राय जाहिर करने का मंच देता है, वहीं दूसरी ओर कई बार यही मंच व्यक्तिगत हमलों और अभद्र टिप्पणियों का माध्यम बन जाता है।

आने वाली फिल्म में नजर आएंगी कृति सेनन

काम की बात करें तो कृति सेनन जल्द ही मैडॉक फिल्म्स के बैनर तले बनने वाली एक हॉरर फिल्म में नजर आएंगी। फिल्म को लेकर उनके प्रशंसकों में उत्सुकता है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में फिल्म के नाम और रिलीज डेट का विस्तृत विवरण नहीं दिया गया है।

फिलहाल रक्षाबंधन विज्ञापन विवाद पर कृति का बयान एक बार फिर महिलाओं के पहनावे, सोशल मीडिया ट्रोलिंग और निजी स्वतंत्रता से जुड़े सवालों को चर्चा में ले आया है। अभिनेत्री की बात का मुख्य संदेश यही है कि किसी की पसंद से असहमत होने के बावजूद उसके प्रति सम्मान बनाए रखना जरूरी है।