Dhruv Rathee: ध्रुव राठी के लंदन जाने पर KRK का तंज, बोले- राठी आया, प्रोटेस्ट किया और चला भी गया; तिरंगे को लेकर भी उठाए सवाल

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Dhruv Rathee: यूट्यूबर ध्रुव राठी के भारत से लंदन जाने और दिल्ली में चल रहे विरोध-प्रदर्शन से जुड़े घटनाक्रम के बीच अभिनेता और फिल्म क्रिटिक कमाल राशिद खान यानी केआरके ने सोशल मीडिया पर उन पर तंज कसा है। केआरके ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि जिन लोगों ने ध्रुव राठी से लगातार भारत आने के लिए कहा था, राठी भारत आए, विरोध-प्रदर्शन किया और फिर वापस चले गए। इसी के साथ केआरके ने दिल्ली पुलिस की कार्रवाई और तिरंगा लहराने को लेकर भी एक अलग पोस्ट के जरिए सवाल उठाए।

केआरके ने अपनी पहली पोस्ट में लिखा, “अंधभक्त ध्रुव राठी से हर समय कह रहे थे- भाई तू एक बार इंडिया आ जा। राठी आया भी, प्रोटेस्ट भी किया और चला भी गया! अंधभक्त चिल्लाते ही रह गए!” केआरके की इस पोस्ट को ध्रुव राठी के भारत आने, विरोध-प्रदर्शन में शामिल होने और फिर लंदन लौटने के संदर्भ में देखा जा रहा है।

साकेत कोर्ट में हुई सुनवाई

दरअसल, ध्रुव राठी से जुड़े साल 2018 के आपराधिक मानहानि मामले में शनिवार को दिल्ली की साकेत कोर्ट में सुनवाई हुई। अदालत में ध्रुव राठी की ओर से उनके वकील पेश हुए। वकील ने कोर्ट को बताया कि राठी इस समय लंदन में हैं और इसी वजह से वह व्यक्तिगत रूप से अदालत के सामने पेश नहीं हो सके।

यह मामला मई 2018 में ध्रुव राठी के यूट्यूब चैनल पर अपलोड किए गए ‘बीजेपी आईटी सेल पार्ट-दो’ वीडियो से जुड़ा है। शिकायतकर्ता विकास सांकृत्यायन उर्फ विकास पांडे का आरोप है कि इस वीडियो में उनके खिलाफ कथित तौर पर झूठे आरोप लगाए गए थे, जिससे उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचा। इसी शिकायत के आधार पर ध्रुव राठी के खिलाफ आपराधिक मानहानि की कानूनी कार्यवाही चल रही है।

दोबारा जारी हुआ था समन

इस मामले में हाल ही में साकेत कोर्ट की ओर से ध्रुव राठी के खिलाफ नए सिरे से समन जारी करने का आदेश दिया गया था। न्यायिक मजिस्ट्रेट राहुल जैन ने 12 अक्टूबर को शिकायतकर्ता की अर्जी पर सुनवाई के बाद यह आदेश दिया था।

सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया था कि ध्रुव राठी आम तौर पर ऑस्ट्रिया में रहते हैं और उस समय भारत में मौजूद थे। इसके बाद शिकायतकर्ता को प्रक्रिया सर्वर के साथ जाकर समन की तामील कराने की अनुमति दी गई थी।

रिपोर्ट के मुताबिक, अदालत के समन का नोटिस गुरुग्राम के केंद्रीय विहार स्थित ध्रुव राठी के आवास के बाहर भी चस्पा किया गया था। हालांकि, शनिवार की सुनवाई के दौरान उनके वकील ने बताया कि राठी अब लंदन जा चुके हैं। इसी कारण उनकी व्यक्तिगत मौजूदगी अदालत में नहीं हो सकी।

लंदन से ध्रुव राठी का प्रदर्शन का ऐलान

इसी घटनाक्रम के बीच ध्रुव राठी ने लंदन से सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर मार्च या प्रदर्शन से जुड़ा ऐलान किया। इसके बाद उनके भारत से बाहर जाने और कोर्ट में व्यक्तिगत रूप से मौजूद नहीं होने को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चा तेज हो गई।

हालांकि, केवल इस आधार पर यह कहना कि ध्रुव राठी अदालत की पेशी से बचने के लिए भारत से बाहर गए, एक निष्कर्ष होगा। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक अदालत में उनके वकील ने उनके लंदन में होने की जानकारी दी है। मामले की आगे की कानूनी स्थिति अदालत की कार्यवाही से स्पष्ट होगी।

तिरंगे को लेकर भी KRK ने उठाए सवाल

केआरके ने ध्रुव राठी से जुड़ी पोस्ट के अलावा दिल्ली पुलिस की कथित कार्रवाई को लेकर भी एक्स पर एक अलग पोस्ट की। उन्होंने लिखा कि अगर लोग तिरंगा लहराते हैं तो दिल्ली पुलिस उन्हें गिरफ्तार कर रही है। इसके बाद उन्होंने सवाल किया कि अगर कोई बांग्लादेश का झंडा लहराए तो उसे देशद्रोही कहा जाएगा और अगर हरे रंग का झंडा लहराया जाए तो उसे आतंकवादी कहा जाएगा, तो फिर भारतीयों को कौन सा झंडा लहराने की अनुमति है।

केआरके ने अपनी पोस्ट के अंत में सवालिया अंदाज में पूछा कि आखिर भारतीयों को कौन सा झंडा लहराना चाहिए। उनका यह बयान सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है।

हालांकि, केआरके की पोस्ट में किए गए दावों की स्वतंत्र पुष्टि इस सामग्री में उपलब्ध नहीं है। ऐसे में दिल्ली पुलिस की कार्रवाई और हिरासत से जुड़े किसी भी दावे को संबंधित आधिकारिक पक्ष के बयान के आधार पर ही अंतिम रूप से देखा जाना चाहिए।

ध्रुव राठी लगातार राजनीतिक मुद्दों पर चर्चा में

ध्रुव राठी सोशल मीडिया और यूट्यूब पर राजनीतिक और सामाजिक मुद्दों पर अपनी टिप्पणियों के लिए लंबे समय से चर्चा में रहे हैं। उनके वीडियो कई बार राजनीतिक बहस का हिस्सा बनते रहे हैं और उनके कंटेंट को लेकर विवाद भी सामने आते रहे हैं।

वहीं, साल 2018 का मानहानि मामला भी उनके पुराने यूट्यूब कंटेंट से जुड़ा हुआ है और लंबे समय से कानूनी प्रक्रिया में है। अब नए समन, साकेत कोर्ट की सुनवाई और राठी के लंदन में होने की जानकारी के बाद यह मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है।

KRK की पोस्ट के बाद सोशल मीडिया पर बहस

ध्रुव राठी के लंदन जाने को लेकर केआरके की टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर भी अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। एक तरफ केआरके के समर्थक उनके बयान को लेकर चर्चा कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर ध्रुव राठी के समर्थक इसे उनकी निजी और कानूनी परिस्थितियों से जोड़कर देख रहे हैं।

फिलहाल इस पूरे मामले में सबसे अहम बात यह है कि साकेत कोर्ट में सुनवाई हुई और राठी की ओर से उनके वकील ने उनकी व्यक्तिगत अनुपस्थिति का कारण लंदन में होना बताया। दूसरी तरफ, ध्रुव राठी के लंदन से जारी वीडियो और केआरके की टिप्पणियों ने इस घटनाक्रम को सोशल मीडिया पर और ज्यादा चर्चा में ला दिया है।

अब मामले की अगली कानूनी कार्रवाई और अदालत में होने वाली सुनवाई से यह स्पष्ट होगा कि 2018 के मानहानि मामले में आगे क्या कदम उठाया जाता है। वहीं, तिरंगे और हिरासत को लेकर सोशल मीडिया पर किए जा रहे दावों पर संबंधित आधिकारिक पक्ष की प्रतिक्रिया सामने आने के बाद ही तस्वीर पूरी तरह साफ हो सकेगी।